घरेलू हवाई यातायात 2030 तक बढ़कर 300 मिलियन हो जाएगा: सिंधिया
Jan 19, 2024
- भारत दुनिया के प्रमुख 20 बाजारों में एक होगा
हैदराबाद । नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि भारत का घरेलू हवाई यातायात 2030 तक बढ़कर 300 मिलियन हो जाएगा। हाल ही में हैदराबाद के बेगमपेट हवाईअड्डे पर विंग्स इंडिया 2024 को संबोधित करते हुए सिंधिया ने कहा कि घरेलू यात्री यातायात जो 2014 में 60 मिलियन था, वह कोविड से पहले बढ़कर 145 मिलियन और 2023 में यह बढ़कर 153 मिलियन हो गया। उन्होंने कहा कि साल 2030 तक 300 मिलियन की अनुमानित वृद्धि के बावजूद भारत दुनिया के प्रमुख 20 बाजारों में एक होगा। आज हमारी पहुंच लगभग 3-4 प्रतिशत है, जो बढ़कर 10-15 प्रतिशत हो जाएगी।
हमें अभी भी 85 प्रतिशत तक पहुंच हासिल करनी है। हम क्षमताएं बनाकर, बाधाओं को दूर कर और प्रक्रियाओं को सरल बनाकर इस क्षमता की तैयारी कर रहे हैं ताकि 2047 तक विमानन क्षेत्र 20 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था का समर्थन करने में सक्षम हो सके। कोविड से पहले दैनिक यात्री यातायात 4,00,425 था। अप्रैल-मई में यह बढ़कर 4,50,000 हो गया और नवंबर-दिसंबर 2023 में प्रति दिन 4,67,000 यात्रियों तक पहुंच गया। पिछले 10 वर्षों में घरेलू यात्री यातायात 15.3 प्रतिशत की सीएजीआर से बढ़ा, जबकि अंतर्राष्ट्रीय यातायात 6.1 प्रतिशत की दर से बढ़ा। भारत तीसरा सबसे बड़ा घरेलू नागरिक उड्डयन बाजार और सातवां सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन बाजार है।
दोनों को मिला दिया जाए तो भारत दुनिया का पांचवां सबसे बड़ा नागरिक उड्डयन बाजार है। मंत्री ने कहा कि भारत संयुक्त राज्य अमेरिका और चीन के बाद दुनिया में विमान का सबसे बड़ा खरीदार बन गया है। उम्मीद है कि अगले दशक में भारत का बेड़ा 713 से बढ़कर 2,000 से अधिक हो जाएगा। उन्होंने कहा कि देश, जिसके पास 2013-14 में 400 विमान थे, ने अपने बेड़े को 713 विमानों तक बढ़ा दिया है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि पिछले 10 वर्षों के दौरान, भारत ने 74 हवाईअड्डे, वॉटरड्रोम और हेलीपोर्ट जोड़े, जिससे संख्या 149 हो गई। साल 2030 तक यह संख्या 200 के पार हो जाएगी।