निरंकारी मिशन में छाई शोक की लहर, सभी ब्राचों में शुरू हुआ सत्संग सिमरन

रविवार को जहां विभिन्न निरंकारी मंडलों में सत्संग प्रवचनों का आयोजन चल रहा रहा था उसी दौरान रविवार शाम को निरंकारी मंडल से जुड़े श्रद्धालुओं को दूख भरी सूचना मिली कि निरंकारी मिशन की पांचवी गुरू सतगुरू माता सविंदर हरदेव जी ब्रह्मलीन होकर ज्योति ज्योत में समा गई है। जैसे ही श्रद्धालुओं ने यह खबर सुनी तो निरंकारी मिशन में शोक की लहर छा गई और श्रद्धालुओं की आंखे नम हो गई। सतगुरू माता जी जो कि ६१ वर्ष की थी उनका स्वास्थ्य पिछले काफी समय से ठीक नहीं था।

जिसके चलते ही माताजी ने १७ जुलाई को ही मिशन की जि३मेदारी अपनी बेटी सुदीक्षा जी को गुरू गद्दी सौंपी थी। रविवार शाम को ५ बजे माता जी निरंकारी सत्संग संत निरंकारी कालोनी दिल्ली में निरंकार में लीन हुई। जिसकी जानकारी लगते ही अनुयाईयों में शोक की लहर छा गई और सभी निरंकारी भवनों में सिमरन शुरू हो गया। माताजी का जन्म १२ जनवरी १९५७ को रोहतक दिल्लीमें हुआ था सतगुरू माता सविंदर हरदेव जी मिशन की प्रमुख थी। १३ मई २०१६ को कनाडा में एक कार दुर्घटना में मिशन में पूर्व प्रमुख सतगुरू बाबा हरदेव सिंह जी महाराज के इस सर्वशक्तिमान निरंकार में ब्रह्मलीन हो जाने के बाद मिशन की कमान माता सविंदर हरदेव जी को सतगुरू के रूप में सौंपी गई थी इससे पहले मिशन में कोई महिला प्रमुख नहीं बनी थी। माताजी ने हमेशा सामाजिक कार्य व मानव कल्याण का संदेश दिया। देश विदेश में मौजूद निरंकारी मिशन के अनुयाईयों में दुख छा गया है।

५ फरवरी को माताजी भोपाल आई थी

संत निरंकारी मिशन की आध्यात्मिक प्रमुख के रूप में माताजी ने १३ मई २०१६ से १६ जुलाई २०१८ तक जिम्मेदारी संभाली। माताजी इस दौरान ५ फरवरी को भोपाल भी आई थी। जहां सत्संग कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालुओं को माताजी आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।

अंतिम संस्कार की यात्रा बुधवार को

पूज्य माताजी का पार्थिव शरीर मिशन के अनुयाईयों के अंतिम दर्शनों के लिए सोमवार प्रात: 10 बजे समागम ग्राउंड न 8 पर रखा जाएगा। अंतिम दर्शन दिन रात जारी रहेंगे। अंतिम संस्कार की यात्रा बुधवार प्रात: 9 बजे ग्राउंड न 8 से प्रारंभ होगी 12 बजे सीएनजी दाहग्रह निगम बोध घाट दिल्ली में किया जाएगा। इसके बाद शाम 4 बजे विशेष सत्संग का आयोजन भी किया जाएगा।