हिबा नवाब, निखिल खुराना, सोमा राठौर और अनूप उपाध्याय अपने फैन्स से मिलने प्रमोशनल ट्रिप करने आए राजधानी

युग प्रदेश, भोपाल:- सोनी सब के शो “जीजाजी छत पर हैं” ने अपनी शुरुआत से ही काफी सफलता और लोकप्रियता हासिल की है। इस शो को अपनी बिलकुल नई तरह की कहानी और मिलनसार किरदारों के कारण तारीफें मिली हैं। यह शो हिबा नवाब द्वारा निभाये गये किरदार इलायची के इर्द-गिर्द घूमता है, जोकि मुश्किल परिस्थितियों में भी अपनी अनोखी तरकीबों के कारण दर्शकों का दिल जीत रही है। इलायची के पिता मुरारी का किरदार निभा रहे अनूप उपाध्याय, दिल्ली के चांदनी चैक में एक लहंगे की दुकान चलाते हैं। वह अपनी पत्नी करुणा (सोमा राठौर), बातूनी और चुलबुली इलायची (हिबा नवाब) के साथ रहते हैं। इलायची एक ह्रश्वयारी किस्म की बाग़ी है और इस शो की हीरो हैं। उसे पता है कि अपना बचाव कैसे करना और वह काफी सहज इंसान है। इलायची के पास हमेशा कोई ना कोई शरारत रहती है और 22 साल की उम्र होने के बाद भी वह अभी भी स्कूल में पढ़ती है। शादी से बचने के लिये वह लगातार स्कूल में फेल होती आ रही है।

शरारतों का शिकार होना पड़ता है

हालांकि, जिंदगी उस समय पूरी तरह घूम जाती है, जब मुरारी अपने छत पर बने कमरे को किराये पर देता है। इसके बाद एंट्री होती है, आगरा से आये 24 साल के पंचम की, जोकि संगीतकार बनना चाहता है। निखिल खुराना अभिनीत यह पंचम किरदार अपने सबसे अच्छे दोस्त पिंटू के साथ, दिल्ली पहुंचता है। उनके पास सीमित साधन उपलब्ध हैं, जिससे पंचम जरूरतों को पूरा करने के लिये संघर्ष करता है और उसे मुरारी की दुकान में नौकरी मिल जाती है और रहने के लिये उसकी ‘बरसाती’। मुरारी, वह ‘बरसाती’ बैचलर को नहीं देने वाला, इसलिये पंचम, पिंटू (हरवीर सिंह अभिनीत) को महिला के कपड़े पहना देता है और उसे अपनी पत्नी बताता है। इसकी वजह से कई सारी मजेदार स्थितियां बनती हैं। लेकिन, पंचम की मुश्किलें खत्म होने का नाम नहीं ले रहीं क्योंकि उसे अक्सर इलायची की शरारतों और मजाक का शिकार होना पड़ता है। धीरे-धीरे यह दुश्मनी दोस्ती में बदल जाती है और आखिरकार ह्रश्वयार में।